मौसी की सील तोड़कर चुदाई मस्तराम कहानी

मौसी की चुदाई chudai kahani,हिंदी सेक्स कहानी,Mausi ki chudai xxx mastram sexy kahani,माँ के कहने पर अविवाहित मौसी को चोदा,Hindi xxx kamukta story,माँ के मदद से अविवाहित मौसी की चुदाई, Khala ki chudai xxx desi kahani,सगी खाला की वर्जिन चूत में लंड दिया Real kahani, खाला की जमकर चुदाई,

एक बार मेरी मौसी यहाँ हमारे घर पर आई हुई थी. वो मेरी अम्मी की छोटी बहन हे. वो जवान और दिखने में एकदम सुन्दर हे. वो अभी कुंवारी ही थी. और उसका भरा हुआ बदन एकदम गदराया हुआ था.. उसे देख के मुठ मारने का अपना लगा ही मजा आता था. मौसी सच में बड़ी सेक्सी थी! मौसी और मेरी अच्छी बनती थी और हम दोनों एक दुसरे के साथ बड़े ही फ्रेंक थे. जब कभी मैं उसके करीब हो जाता और उसके बूब्स या गांड मुझे टच कर लेते थे तो मेरा पेनिस पूरी तरह से खड़ा हो जाता था. मैं बस एक मौके की तलाश में था की अपनी इस सेक्सी मौसी की चुदाई कर सकूँ!
Mausi ki chudai mastram sexy kahani
मौसी की सील तोड़कर चुदाई मस्तराम कहानी
वैसे मौसी खुद भी मेरा लंड लेने के लिए इंटेरेस्ट लग रही थी. पर बिना मौके के मैं उसे भडकाना नहीं चाहता था. मौका सही हो तो उसके चोदने के अरमान को भड़का के मैं उसकी चूत भंग करना चाहता था.एक दिन ये मौका मुझे मिला. किसी काम से मेरे अम्मी अब्बा को बहार जाना था. और मौसी तब यही पर थी. वो लोग अगले दिन भी बहार ही रह के तीसरे दिन मोर्निंग में वापस आनेवाले थे. और तब मैंने मन ही मन ठान लिया की इस मौके में तो मुझे अपनी मौसी की चुदाई कर ही देनी चाहिए!और अम्मी अब्बा के जाने के बाद मौसी खुद भी बड़ी चहक सी रही थी. अम्मी अब्बा के कमरे में ही रात को मैं, मेरी बहन सोये हुए थे. और मौसी भी हमारे साथ में ही थी. मेरा बड़ा भाई निचे के कमरे में अकेला सोया था. रात को सोने के बाद मेरे लंड में गरमी सी चढ़ी. मौसी का बुर चोदने के ख्यालों से नींद हराम हुई पड़ी थी. ये सेक्स कहानी आप नीऊ चुदाई की कहानी डॉट कॉम पर पड़ रहे है।मैंने मौसी की तरफ देखा तो वो भी करवट पर करवट ले थी. शायद उसके बुर में भी मेरे लंड को लेने की तलब सी लगी हुई थी. रात गहरी होती गई और मेरे अन्दर की चुदास बढती ही चली गई.रात के करीब एक बजे मेरा खुद के ऊपर का कंट्रोल जैसे हट सा गया. मैं खड़े लंड के साथ अपनी मौसी के पास जा के बैठ गया मेरी बहन एक साइड में थी और उसकी कमर हमारी तरफ थी. कमरे में नाईट लेम्प के उजाले में मौसी का सेक्सी बदन चमक सा रहा था. उसके बड़े बूब्स आज कुछ और ही सेक्सी लग रहे थे. और उसकी निपल्स भी कपड़ो के ऊपर अपना आकार दिखा रहे थे. मैंने अपना चहरा मौसी के चहरे का करीब रख दिया. वो सोने की एक्टिंग बखूबी निभा रही थी. मैं बिना कुछ सोचे समझे अपने होंठो को उसके सेक्सी गुलाबी होंठो से लगा के चूमने लगा.

मौसी के साथ चुदाई की सच्ची घटना,Chudai kahani, Chudai ki ghatna, Desi youn kahani,

मौसी ने आँखे खोली और वो चौंक सी गई. लेकिन मेरे होंठो ने उसके होंठो को जकड़े हुआ था इसलिए वो कुछ बोलने की स्थिति में नहीं थी. मैंने मौसी के होंठो को जोर जोर से चुसना चालू ही रखा. मौसी भी एक मिनिट में मेरे सपोर्ट में आ गई. उसने अपने हाथो से मेरे बालो को पकड़ा और उसके अन्दर प्यार से उंगलियाँ घुमाते हुए मुझे किस करने लगी. मैंने पूरी 5 मिनिट तक अपनी मौसी को डीप किस दिया. फिर मैंने उसका हाथ पकड़ा और चल दिया. मैं उसके हाथ को पकड़ के एक एक्स्ट्रा बेडरूम में ले गया. वो बेडरूम में घर में कोई गेस्ट आये तो उन्हें वहाँ ठहराया जाता था.ये सेक्स कहानी आप नीऊ चुदाई की कहानी डॉट कॉम पर पड़ रहे है।मौसी को अन्दर ले के मैंने उस कमरे के दरवाजे को बंध कर दिया. और फिर से मैंने अपने होंठो को उसके होंठो से लगा के किस करना चालु किया. लेकिन अब की मैंने सिर्फ किस नहीं की. मेरे हाथ भी अपना काम दिखाने लगे थे. मैं हाथों से अपनी मौसी की मादक चूंचियां दबा रहा था. मैंने मौसी के बदन के ऊपर से सफ़ेद कुरते को उतार लिया. अन्दर उन्होंने एक गुलाबी ब्रा पहनी थी. उस ब्रा में उनका डीप क्लीवेज एकदम सेक्सी लग रहा था. मैंने ब्रा भी हुक खोल के निकाल ली. मौसी के बूब्स एकदम टाईट थे. और वो मुझे जैसे चूसने के लिए बुला रहे थे.मैंने अपने गरम गरम होंठो से मौसी की कडक चूंचियां चुसना चालू कर दिया. एक हाथ से मैं एक चूंची को दबाता था और दूसरी को अपने होंठो से चूस रहा था. मौसी की मादक सिसकियाँ मुझे उत्तेजना का और नशा दे रही थी.और फिर मैंने एक हाथ को निचे ले जा के मौसी की सलवार का नाडा खोल दिया. सलवार निचे जमीन पर जा गिरी. और मेरा एक हाथ धीरे से उनकी बुर पर आ गया. मैंने मौसी की बुर में छेद ढूंढने लगा. उसके देसी बुर पर हलके हलके से बाल थे. और मैं छेद को पकड के उसमे अपनी एक ऊँगली को डालने लगा. मौसी के तो होश ही उड़े हुए थे. वो अह्ह्ह हम्म्म्म ह्म्म्म की आवाजे निकाल रही थी.

बरसात में मौसी की जमकर चुदाई,Mausi ki chudai,mausi ki tight choot ki chudai,desi sex kahani

मैं ऊँगली को मौसी के बुर में जोर जोर से अन्दर बहार कर के उन्हें फिंगर फक देने लगा. और बूब्स से मैंने होंठो को हटा के फिर से उन्हें लिप किस दिया. वो बड़ी मस्तियाँ चुकी थी. तभी मौसी ने अपनी बुर से पानी छोड़ा और मेरी ऊँगली को भिगो दिया! दोस्तों अब तक मेरे लंड का रोल स्टार्ट नहीं हुआ था. लेकिन वो एकदम कड़ा हो के बस अपनी टर्न की ही राह में था. मौसी का हाथ जब उसके ऊपर आया तो वो बोली, मोहसिन तेरा तो बहुत बड़ा हे!!!ये सुन के मैं और भी खुश और उत्तेजित हो गया. और बड़े जोर जोर से ऊँगलीबुर में अन्दर बहार करने लगा. मौसी एकदम गरम हो गई थी!ये सेक्स कहानी आप नीऊ चुदाई की कहानी डॉट कॉम पर पड़ रहे है। वो पागलो के जैसे मेरे पुरे बदन को चूमने लगी. फिर उसने मेरे लौड़े को अपने हाथ में पकड के अपनी बुर पर घिसना चालू कर दिया. मैं समझ गया की वो पूरी तरह से गर्म हो गई थी लंड ले लेने के लिए! मैंने मौसी को बिस्तर में लिटाया और अपने लंड के सुपाडे को उसके छेद पर टिका दिया. एक धक्का लगाया पर मौसी का बुर बड़ा ही टाईट था, इसलिए लंड अन्दर नहीं घुसा. मौसी को दर्द हो रहा था और वो सिस्कारियां लेने लगी थी. वो वर्जिन थी, कसम से बड़ा ही लकी था मैं!मैंने सही एंगल पर एक जोर का धक्का लगाया और मेरा आधा लौड़ा मौसी के बुर में जा घुसा. लेकिन उसे बहुत दर्द हुआ और वो अह्ह्ह्ह अह्ह्ह्ह मोहसिन्न्नन्न्न्नन्न कर बैठी. मैं एक मिनिट के लिए रुका और उसे किस करने लगा. एक मिनिट के बाद मैंने फिर से धक्का लगा दिया. अब की मेरा पूरा लौड़ा मौसी के बुर में जा घुसा! मौसी अह्ह्ह अह्ह्ह ह्म्म्मम्म करने लगी. मौसी के बुर इ लंड डालने में मुझे भी बड़ा मजा आ रहा था.धीर धीरे कर के मैंने भी अपने चोदने की स्पीड को बढ़ा दिया. और मौसी को भी मजा आने लगा था. उसकी सिस्कारियां अब कम हो गई थी. और वो आनंद के चीत्कार करने लगी थी. तक़रीबन 15 17 मिनिट तक मैंने मौसी को जम के चोदा और फिर अपना माल उसकी बुर में ही छोड़ भी दिया. वो भी मेरे साथ ही झड़ गई और चिपक गई मेरे से. हम दोनों एक दुसरे के साथ ऐसे ही कुछ देर तक चिपक के लेटे रहे.

ब्लेकमेल कर के खाला की चुदाई,Khala ki chudai, Sachi kahani,Chodne ki kahani, Youn Kahani

और फिर मेरी मौसी मुझे हाथ पकड के अपने साथ बाथरूम ले गई. वहां पर जब वो मूत रही थी तो उसकी चूत से सर्रर्रर सर्रर्रर का साउंड आ रहा था जो मुझे उत्तेजित कर रहा था.फिर हम वापस कमरे में आ गए और और मौसी ने मुझे फिर से चूमना चालू कर दिया. और मैं मौसी के निपल्स सक करने लगा. थोड़ी देर के बाद मौसी उठी और उसने मेरे लौड़े को अपने मुहं में भर लिया. वो जैसे चिकन लोलीपोप खा रही हो वैसे मेरे लंड को चूस रही थी. मैंने भी उनके बाल को पकड के अपने लंड को मुहं में खूब हिलाया. कुछ देर में मेरा लंड फिर से चूत मांगने लगा मौसी की.ये सेक्स कहानी आप नीऊ चुदाई की कहानी डॉट कॉम पर पड़ रहे है।और अब की मैंने उन्हें कुतिया बन जाने के लिए कहा. वो अपने घुटनों के बल लेट गई और पीछे से अपनी गांड को उठा दिया उसने. मैंने लंड को सही एंगल से चूत में घुसेड दिया और जोर जोर से चोदने लगा. कमरे के अन्दर फिर से मौसी की मादक सिस्कारियां निकल पड़ी.मेरी मौसी उस रात को तिन बार मेरे लंड से चुदी और उसे बड़ा मजा आ गया. फिर सबह तक हम लोग चिपक के सो गए. सुबह फ्रेश होने के बाद वो चाय बना रही थी तो मैं किचन में गया. मौसी की आँखों में नवेली दुल्हन वाली नजाकत थी जो अपने शोहर से रात भर चुदवाई होती हे!कैसी लगी मेरी खाला की चुदाई कहानी , अच्छा लगी तो जरूर रेट करें और शेयर भी करे ,अगर कोई मेरी मौसी की चुदाई करना चाहते हैं तो उसे ऐड करो Lund ki bhukhi pyasi mausi

1 comments:

हिंदी सेक्स कहानी Chudai ki kahani

Delicious Digg Facebook Favorites More Stumbleupon Twitter